सोचिए अगर आपका नाम गोबर हो तो कैसा लगे, बदबूदार तो नहीं महसूस कर रहें हैं खुद को। लगता है इतनी सी बात का बुरा मान गए, मैं तों यूं ही ठिठोली कर रहा था। दरअसल ये सवाल कल शाम को मेरे दिमाग में उस समय आया जब मैं अतुल कुलकर्णी का इंटरव्यू सुन रहा था। बुधवार की शाम लाइव इंडिया पर अतुल दर्शकों के रूबरू थे। जिन लोगों ने रंग दे बसंती और पेज थ्री देखी है, वो अतुल को बखूबी पहचानते होंगे। अरे भाई पेज थ्री के क्राइम रिपोर्टर और रंग दे बसंती में पहले धर्म सेना के सैनिक और फिर सरफरोशी की तमन्ना डायलॉग बोल बिसमिल्ल बन जाने वाले अतुल, उनका ये डायलॉग तो याद ही होगा। सो अतुल आज कल गोबर हो गए हैं। राकेश मेहरा की फिल्म दिल्ली 6 में उनके किरदार का नाम गोबर है। अतुल ने सिर्फ इतना कहा है कि अब तक निभाए गए सभी किरदारों में से ये किरदार बिल्कुल अलग है। कैरेक्टर रोल्स के बाद क्या वह कभी नाना पाटेकर की तरह लीड रोल तक पहुंच पाएंगे कि जवाब में अतुल कहते हैं, जल्द ही ये तमन्ना भी पूरी होने वाली है। फिलहाल उनकी आने वाली फिल्मों में कच्चा लिम्बू और अल्लाह के बंदे भी शामिल है। ठीक है अतुल लगे रहो बाकी लोगों पर छोड़ दो।
बुधवार, 5 मार्च, 2008
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)

2 टिप्पणियाँ:
अतुल एक बेहतरीन ऐक्टर हैं , फ़िल्म खाकी मे इतने बड़े सितारों के बीच भी उनका किरदार यादगार रहा .... बढ़िया लेख
अतुल एक मंजे हुए कलाकार हैं. अनेकों शुभकामनायें उनको.
एक टिप्पणी भेजें